मंगळवार, २३ डिसेंबर, २०१४

II बाती II

बाती..

दिया सिर्फ दिखाई दिया
मगर बाती को क्यो भूल गये!
वो जलती रही रात भर
उसने कितने घर रोशन किये..!!
--सुनील पवार..
***शुभ रात्री***


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