तुम्हारी तरह..
तुम्हारी तरह ही
मुझे नींद आती नही।
मगर
हम दोनों में फर्क इतना है की
मैं अकेला
और तुम्हारे इर्दगिर्द
सितारे है कईं।
--सुनील पवार..
तुम्हारी तरह..
तुम्हारी तरह ही
मुझे नींद आती नही।
मगर
हम दोनों में फर्क इतना है की
मैं अकेला
और तुम्हारे इर्दगिर्द
सितारे है कईं।
--सुनील पवार..
न जाने क्यों..
न जाने क्यों
आये दिन मौसम बदलते रहते हैं
अपना कहकर
लोग पल में पराये कर देते हैं।
--सुनील पवार..
सामना तो करो..
दिल को रोशन करके रखना..
फिर भी..
बेहतर भविष्य के लिए..
बता नहीं सके..
रात सितारें और मैं..
बस इतनी गुज़ारिश है..
गुमशुदा ज़िन्दगी..
जिंदगी गुमशुदा है और कुछ भी नही!
यहाँ अपने ही अपनों को पहचानते नही!!
--सुनील पवार..✍️
फ़िलहाल तो नहीं..
फ़िलहाल तो नहीं
सोचेंगे फिर कभी।
भरोसें के राह पर
अब हम है अजनबी।
--सुनील पवार..✍️
इरादा तो नहीं था..
इरादा तो नहीं था कुछ भी जताने का
पर शीशे के दिल था चकनाचूर हो गया।
--सुनील पवार..✍️
जो चाहोगे हो जाएगा..
चाहोगे हो जाएगा गर दिल में हो सच्चाई।
अभी भी बरकरार है इस जहाँ में अच्छाई।
Good Morning..🌞
--सुनील पवार..✍️
प्यार का तोहफ़ा..
तुमने जो दिया प्यार का तोहफ़ा..
हमको न दिखी उसमे कोई वफ़ा।
--सुनील पवार..✍️
बहुत कुछ..
बहुत कुछ सहना पड़ता है
कुछ पाने के लिए।
चंद लम्हें काफी होते है
सबकुछ खोने के लिए।
--सुनील पवार..✍️
अपनी नजर से देखो..
अपनी नज़र से देखों तो पता चलता हैं कि दुनिया गोल हैं।
ऊपर से जितनी रंगबिरंगी अंदर उतना ही झोल है।
--सुनील पवार..✍️
आख़री गहना..
अब जो बचा हैं उसे
सँभालकर रखना हैं
टूटे अरमानों का
तडप आखरी गहना है।
--सुनील पवार..✍️
ज़ख्म..
बात यहीं पर ख़त्म करें..
कब तक रखेंगे ज़ख्म हरे।
--सुनील पवार..✍️
मंज़र बदल गया हैं..
मंज़र बदल गया हैं या कुछ और?
हालात या नजर? इस बात पर भी करना गौर।
--सुनील पवार..✍️
निशान बाक़ी हैं..
निशान बाक़ी हैं,
मगर घाव भर चुका हैं।
अब वक्त वो नहीं आएगा,
जो बीत चुका है।
--सुनील पवार..✍️